इलाज के दौरान उड़ाया बैग, लेकिन बच नहीं पाया चोर—कोतवाली पुलिस की बड़ी कार्रवाई

पुलिस अधीक्षक विदिशा श्री रोहित काशवानी के कुशल निर्देशन में थाना कोतवाली पुलिस ने त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई करते हुए बाजार क्षेत्र से चोरी हुए बैग के प्रकरण का सफल खुलासा किया है। पुलिस ने चोरी गए बैग में रखे सोने-चांदी के आभूषण एवं कपड़े, जिनकी कुल अनुमानित कीमत लगभग ₹1,50,000/- है, बरामद करते हुए एक शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया है।
🔹 घटना का विवरण
दिनांक 19 जनवरी 2026 को फरियादिया सावित्री अहिरवार, पति अनिल अहिरवार, निवासी पिपलिया सलामतपुर द्वारा थाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। उन्होंने बताया कि इलाज के सिलसिले में वे विदिशा आई थीं। अस्पताल के सामने सड़क किनारे खड़ी उनकी गाड़ी पर रखा बैग, जिसमें सोने-चांदी के गहने एवं कपड़े थे, किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा चोरी कर लिया गया।
रिपोर्ट के आधार पर थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 41/2026, धारा 303(2) बी.एन.एस. के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई।
🔹 वरिष्ठ अधिकारियों का मार्गदर्शन
घटना की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे एवं नगर पुलिस अधीक्षक श्री अतुल सिंह के मार्गदर्शन में थाना कोतवाली की एक विशेष टीम गठित की गई।
🔹 पुलिस की त्वरित कार्रवाई
थाना प्रभारी निरीक्षक श्री आनंद राज के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थल एवं आसपास के क्षेत्रों में लगे 25 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की गहन जांच की। साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान सुनिश्चित की गई। सतत प्रयासों के बाद पुलिस ने 01 आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की।
🔹 गिरफ्तार आरोपी
विशाल विश्वकर्मा,
पिता – स्व. बाबूलाल विश्वकर्मा
उम्र – 39 वर्ष
निवासी – पीलिया नाला, भगत सिंह कॉलोनी, विदिशा
🔹 बरामद मशरूका
- एक सोने का मंगलसूत्र
- एक सोने की नथ
- एक जोड़ी सोने के टॉप्स
- एक चांदी की करधोनी
- चांदी की बिछुड़ियाँ
👉 कुल अनुमानित कीमत – ₹1,50,000/-
🔹 सराहनीय भूमिका
इस सफल कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक श्री आनंद राज, सहायक उप निरीक्षक राम मनोहर इमने, प्रधान आरक्षक जितेंद्र खटीक, आरक्षक अजय सिकरवार, संदीप जाट, दीपक गोयल, राजू जाट एवं शिशुपाल सिंह दांगी का विशेष योगदान रहा।
कोतवाली पुलिस की इस तत्पर कार्रवाई से न केवल फरियादिया को राहत मिली है, बल्कि शहर में अपराधियों के बीच पुलिस की सक्रियता का स्पष्ट संदेश भी गया है।